विडंबना: 30 वर्ष बीत जाने के बाद भी नहीं मिली नौकरी और न ही मुआवजा, मर मिटने की कसम के साथ दो माह से धरने पर बैठा है कार्तिक गोराई
न्याय की मांग को लेकर श्री गोराई ने रोते बिलखते हुए लगाया कई अधिकारीयों व नेताओं से विनती अर्जी। कोई नहीं किया इनका समस्या का निदान। अंत में अपने को थके हरे हुए समझ मर मिटने की कसमें खाते हुए अपने पुरे परिवार के साथ लगभग दो माह से बीसीसीएल प्रबंधन के खिलाफ बेड़ा कोलियरी गेट के समीप धरना दें रहें है।







